Karna Reproves Shalya; Brahmin Reports on Bāhlīkas; Shalya’s Universalizing Rebuttal (कर्ण–शल्य संवादः)
प्रभातायां रजन्यां तु कर्णो राजानमभ्ययात् । समेत्य च महाबाहुर्दुर्योधनमथाब्रवीत्,जब रात बीती और प्रात:ःकाल हो गया, तब महाबाहु कर्ण राजा दुर्योधनके पास आया और उससे मिलकर इस प्रकार बोला
prabhātāyāṁ rajanyāṁ tu karṇo rājānam abhyayāt | sametya ca mahābāhur duryodhanam athābravīt ||
रात बीतने पर जब प्रभात हुआ, तब महाबाहु कर्ण राजा दुर्योधन के पास गया; उससे मिलकर उसने इस प्रकार कहा।
संजय उवाच