इति श्रीमहाभारते द्रोणपर्वणि द्रोणवधपर्वणि संकुलयुद्धे एकोननवत्यधिकशततमो<ध्याय:
iti śrīmahābhārate droṇaparvaṇi droṇavadhaparvaṇi saṅkulayuddhe ekonanavatyadhikaśatatamo 'dhyāyaḥ
इस प्रकार श्रीमहाभारत के द्रोणपर्व में, द्रोणवधपर्व के अंतर्गत संकुल (अव्यवस्थित) युद्ध का वर्णन करने वाला एक सौ इक्यानवेवाँ अध्याय समाप्त हुआ।
संजय उवाच