शकुनेः पुत्रेण सह आश्वमेधाश्वविषयः संघर्षः — Arjuna’s restrained engagement with Śakuni’s son during the horse-escort
यूपांश्व॒ शास्त्रपठितान् दारवान् हेमभूषितान् । उपक्लूृप्तान् यथाकालं विधिवद् भूरिवर्चस:
शास्त्रोक्त विधि के अनुसार बने काष्ठ-यूप भी स्वर्णभूषित थे। वे सब यूप यथासमय विधिपूर्वक सज्जित किए गए थे और देखने में अत्यन्त तेजस्वी प्रतीत होते थे।
वैशम्पायन उवाच