Viśukra–Viṣaṅga-vadha (The Slaying of Viśukra and Viṣaṅga) — Lalitopākhyāna
शूलं च शूलिना दत्तं चक्रं चक्रिसमर्पितम् / शङ्खं वरुणदत्तश्च शक्तिं दत्तां हविर्भुजा
śūlaṃ ca śūlinā dattaṃ cakraṃ cakrisamarpitam / śaṅkhaṃ varuṇadattaśca śaktiṃ dattāṃ havirbhujā
शूलधारी शिव ने शूल दिया और चक्रधारी विष्णु ने चक्र अर्पित किया। वरुण ने शंख दिया और हविर्भुज (अग्नि) ने शक्ति प्रदान की।