ललिताप्रादुर्भाव-स्तुति
Lalita’s Cosmic Praise and Body–Cosmos Correspondences
इति स्तत्वा महादेवीं देवाः सर्वे सवासवाः / भूयोभूयो नमस्कृत्य शरणं जगमुरञ्जसा
iti statvā mahādevīṃ devāḥ sarve savāsavāḥ / bhūyobhūyo namaskṛtya śaraṇaṃ jagamurañjasā
इस प्रकार महादेवी की स्तुति करके, इन्द्र सहित सभी देवताओं ने बार-बार नमस्कार किया और सरल भाव से उनकी शरण में चले गए।