गवां लोकवर्णनं तथा गोप्रदानफलश्रुतिः
Description of the ‘World of Cows’ and the Stated Fruits of Cow-Gift
पृथिवी क्षत्रियो दद्याद् ब्राह्मणायेष्टिकर्मिणे । विधिवत् प्रतिगृह्नीयान्न त्वन्यो दातुमरहति,केवल क्षत्रिय राजा ही यज्ञ करनेवाले ब्राह्मणको पृथ्वीका दान कर सकता है और उसीसे ब्राह्मण विधि-पूर्वक भूमिका प्रतिग्रह ले सकता है। दूसरा कोई यह दान नहीं कर सकता
Sólo un rey kṣatriya puede donar la tierra a un brāhmaṇa que realiza el yajña; y sólo de él puede el brāhmaṇa recibirla conforme al rito. Nadie más está autorizado a otorgar tal don.
युधिछिर उवाच