शत्रुं मित्रं च ये नित्यं तुल्येन मनसा नराः भजन्ति मैत्र्यं संगम्य ते नराः स्वर्गगामिनः //
এখানে ৩২ নম্বর শ্লোক; মূল পাঠ পেলে তবেই যথার্থ অনুবাদ সম্ভব।