Bhṛgu–Bharadvāja-saṃvāda: Vānaprastha-parivrājaka-ācāra, Abhaya-dharma, and Lokānāṃ Vibhāga (Śānti-parva 185)
भूगुरुवाच अमितानां महाशब्दो यान्ति भूतानि सम्भवम् | ततस्तेषां महाभूतशब्दोडयमुपपद्यते,भगुजीने कहा--मुने! ये पाँच भूत ही असीम हैं, इसलिये इन्हींके साथ “महा” शब्द जोड़ा जाता है। इन्हींसे भूतोंकी उत्पत्ति होती है; अतः इन्हींके लिये “महाभूत” शब्दका प्रयोग सुसंगत है
ভৃগুৱে ক’লে—মুনে! এই পাঁচ ভূতই অমিত; সেয়েহে ইহঁতৰ সৈতে ‘মহা’ শব্দ যুক্ত হয়। সকলো ভূতৰ উৎপত্তি ইহঁতৰ পৰাই; সেয়ে ইহঁতৰ বাবে ‘মহাভূত’ শব্দ প্ৰয়োগ সংগত।
भरद्वाज उवाच