Agni’s Withdrawal to the Forest and Identification with Āṅgirasa (अग्न्याङ्गिरस-इतिहासः)
बहुप्रभावा: श्रूयन्ते ब्राह्मणानां महात्मनाम्,ब्रह्मन! महात्मा ब्राह्मणोंके प्रभावको बतानेवाले बहुत-से चरित्र सुने जाते हैं। उन महात्माओंका क्रोध और कृपा दोनों ही महान् होते हैं। निष्पाप ब्रह्मन! मेरेद्वारा जो तुम्हारा अपराध बन गया है, उसे क्षमा करो
«أيها البرهمي! تُروى أخبار كثيرة عن عظيم تأثير البرهمة ذوي النفوس العظيمة. فغضبهم عظيم، وكذلك فضلهم ورحمتهم عظيمان. أيها البرهميُّ الطاهر من الإثم، اغفر لي ما صدر مني من إساءة إليك.»
ब्राह्मण उवाच